Menu

User Rating: 0 / 5

Star InactiveStar InactiveStar InactiveStar InactiveStar Inactive
 

'Man is the most dreadful enemy of poor animals,' opined English rationalist and philosopher Sir John Locke. His observation is all the more spot-on in the ongoing context of Jallikattu charade in Tamil Nadu. First of all, why should Apex Court step in? Can't we human beings understand on our own that

it's a savage practice? Human-beings are basically ill-evolved and ruthless to the core. We still enjoy bull-fighting and boxing, which are throwbacks to our cave-dwelling past and a primitive mindset. That  Jallikattu is being justified because it's a very old tradition, vindicates Noam Chomsky's 'Justification Syndrome' that states that ' Human mind tends to justify all wrong things because somewhere it knows that the practice is wrong.' That's why, we're always ready with specious arguments and plausible explanations, be it meat-eating, jingoism, honour-killing or religious extremism. We don't want to accept the universal fact that all animals have a level of consciousness and torturing them in the name of a tradition (however ancient it may be), religion, sports, play or entertainment is not just cruel but also criminal on our part. Stop torturing not just bulls but all animals, who can't speak but cry hysterically when we treat them brutally.

योगी आदित्यनाथ जी हकीकत देखिए !

ऑडियो विज्युअल मीडिया ऐसा खिलाड़ी है कि डिटर्जेंट जैसे प्रकृति के दुश्मन जहर को ‘दूध सी सफेदी’ का लालच दिखाकर और शीतल पेय ‘कोला’ जैसे जहर को अमृत बताकर घर-घर बेचता है, पर इनसे सेहत पर पड़ने वाले नुकसान की बात तक नही करता । यही हाल सत्तानशीं होने वाले पीएम या सीएम का भी होता है ।

Read more ...
 

तुम्हारा वह अंदाज़ याद रहेगा, ठाकुर !

हिन्दी सिनेमा के सौ साल से ज्यादा लम्बे इतिहास में जिन अभिनेताओं ने अभिनय को नए आयाम दिए और नई परिभाषाएं गढ़ी, उनमें स्वर्गीय संजीव कुमार उर्फ़ हरिभाई जरीवाला एक प्रमुख नाम है। अपने भावप्रवण चेहरे, विलक्षण संवाद-शैली और अभिनय में विविधता के लिए विख्यात संजीव कुमार एक बेहतरीन अभिनेता ही नहीं, अभिनय के एक स्कूल माने जाते हैं।

Read more ...
 

मोदी की इजराइल यात्रा के निहितार्थ !

फिलिस्तीन और इजरायल के बीच तनाव और संघर्ष के कई दौर मानव इतिहास की सबसे बड़ी त्रासदियों में एक है। उनकी लड़ाई में हज़ारों लोग मारे जा चुके हैं जिनमें ज्यादातर बेगुनाह नागरिक और मासूम बच्चे शामिल हैं। मसला दोनों के अस्तित्व से ज्यादा ऐतिहासिक वजहों से उनके बीच सदियों से पल रही बेपनाह नफरत का है।

Read more ...
 
Go to top